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रामझरोखा कैलाशधाम में मनाया श्रीराम जन्मोत्सव, कन्या पूजन के साथ संगीतमय नवाह्न पारायण महोत्सव सम्पन्न प्रभु श्रीराम का जीवन हमें मर्यादित जीवन जीने की सीख देता है : सरजूदास जी महाराज


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*Khabaron Me Bikaner*
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✒️@Mohan Thanvi

रामझरोखा कैलाशधाम में मनाया श्रीराम जन्मोत्सव, कन्या पूजन के साथ संगीतमय नवाह्न पारायण महोत्सव सम्पन्न
प्रभु श्रीराम का जीवन हमें मर्यादित जीवन जीने की सीख देता है : सरजूदास जी महाराज

 

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रामझरोखा कैलाशधाम में मनाया श्रीराम जन्मोत्सव, कन्या पूजन के साथ संगीतमय नवाह्न पारायण महोत्सव सम्पन्न
प्रभु श्रीराम का जीवन हमें मर्यादित जीवन जीने की सीख देता है : सरजूदास जी महाराज

बीकानेर। गंगाशहर के सुजानदेसर स्थित रामझरोखा कैलाश धाम में श्रीरामचरितमानस नवाह्न पारायण की पूर्णाहुति शुक्रवार को विधिविधान से सम्पन्न हुई। रामझरोखा कैलाशधाम के पीठाधीश्वर श्री सरजूदास जी महाराज ने बताया कि सियारामजी महाराज की कृपा से एवं परम पूज्य गुरुदेव श्री रामदासजी महाराज के आशीर्वाद से नवरात्रि से प्रारंभ हुए संगीतमय नवाह्न पारायण महोत्सव के तहत रोजाना सुबह 8 से 11 बजे तक पाठ का आयोजन होता था। राष्ट्रीय संत श्री सरजूदास जी महाराज ने बताया कि रामनवमी पर आश्रम में सैकड़ों कन्याओं का पूजन कर उन्हें भोजन-प्रसादी करवाई गई। आश्रम में धूमधाम से प्रभु श्रीराम का जन्मोत्सव मनाया गया। जन्मोत्सव को सम्बोधित करते हुए श्री सरजूदास जी महाराज ने कहा कि प्रभु श्रीराम को मर्यादा पुरुषोत्तम कहा जाता है और उनके जीवन से हमें सत्य और त्याग की सीख मिलती है। मर्यादित जीवन जीने के साथ ही धर्म, सेवा और परोपकार के संस्कार हमें हमारी पीढिय़ों को देने चाहिए। केवल नवरात्रा पर ही नहीं हर दिन कन्याओं का पूजन और नारी शक्ति का सम्मान होना चाहिए। रामझरोखा कैलाशधाम में हर पर्व-त्योहार पर आयोजित प्रवचन शृंखला में गौसेवा, धर्म, भक्ति और सेवा की सीख दी जाती है।

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